Stock Broker या Share Broker क्या है और कैसे बनें?

560

शेयर मार्केट, स्टॉक एक्सचेंज ,स्टॉक ब्रोकर, सेंसेक्स यह सारे टर्म तो आपने जरूर सुने होंगे कम टाइम में इन्वेस्टमेंट करके अच्छे पैसे कमाने की चाहत रखने वाले लोग अक्सर स्टॉक एक्सचेंज में पैसे निवेश करते हैं आम भाषा में जिसे शेयर मार्केट कहते हैं लेकिन इंवेस्टर और शेयर मार्केट के बीच जो व्यक्ति मीडिएटर के तौर पर काम करता है उसको स्टॉक ब्रोकर कहते हैं आज के इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे कि कैसे आप एक स्टॉक ब्रोकर बन सकते हैं ।

स्टॉक ब्रोकर क्या होता है

ब्रोकर के बिना शेयर मार्केट का बिजनेस अधूरा है स्टॉक एक्सचेंज और इन्वेस्टर के बीच स्टॉक ब्रोकर एक कड़ी का काम करता है बिना ब्रोकर के कोई भी इन्वेस्टर या निवेशक अपना ट्रेड या शौदा शेयर मार्केट में ना खरीद सकता है ना ही बेच सकता है अगर आप शेयर मार्केट में कदम रखना चाहते हैं तो आपको एक डीमैट अकाउंट और एक ट्रेडिंग अकाउंट की जरूरत पड़ती है और यह दोनों ही अकाउंट को स्टॉक ब्रोकर ही खोलता है किसी भी इन्वेस्टर के बाय या सेल के आर्डर को स्टॉक एक्सचेंज तक पहुंचाने का काम स्टॉक ब्रोकर का ही होता है जनरली शेयर मार्केट में दो तरह के स्टॉक ब्रोकर काम करते हैं –

1- फुल सर्विस स्टॉक ब्रोकर और
2-डिस्काउंट स्टॉक ब्रोकर

1- फुल सर्विस स्टॉक ब्रोकर – फुल सर्विस स्टॉक ब्रोकर की फीस ज्यादा होती है इसकी वजह है की फुल सर्विस स्टॉक ब्रोकर अपने क्लाइंट को ढेर सारी सर्विस उपलब्ध कराते हैं जैसे स्टॉक एडवाइजरी यानी कौन सा शेयर कब खरीदे और कब बेचे स्टॉक खरीदने की मार्जिन मनी की सुविधा मोबाइल फोन पर ट्रेडिंग फैसिलिटी आईपीओ में इन्वेस्ट की सुविधा इसके अलावा भी फुल टाइम स्टॉक ब्रोकर की कस्टमर सर्विस काफी अच्छी मानी जाती है इनकी सब ब्रोकर या ब्रांच कई शहरों में होती है कुछ पॉपुलर फुल सर्विस स्टॉक ब्रोकर हैं ICICI direct, Sherkhan,, HDFC securities आदि ।

2- डिस्काउंट स्टॉक ब्रोकर – डिस्काउंट स्टॉक ब्रोकर काफी कम ब्रोकरेज लेकर शेयर को खरीदने और बेचने की फैसिलिटी देते हैं डिस्काउंट स्टॉक ब्रोकर इसीलिए कम फीस लेते हैं यह ब्रोकर अपने क्लाइंट को स्टॉक एडवाइजरी और रिसर्च फैसिलिटी नहीं देते इनके ऑफिस भी कुछ बड़े-बड़े शहरों में ही होते हैं अकाउंट ओपन करने के साथ-साथ इनका ज्यादा काम ऑनलाइन ही होता है इसीलिए इनकी फीस भी बहुत कम होती है भारत में कुछ पॉपुलर डिस्काउंट ब्रोकर हैं zerodha, SAS online master capital services limited आदि।

Stock broker बनने का प्रोसेस

स्टॉक ब्रोकर बनने के लिए आप फाइनेंशियल मार्केट का कोई भी कोर्स कर सकते हैं कॉमर्स, एकाउंटेंसी इकोनॉमिक्स, स्टेास्टिक या बिजनेस इकोनॉमी की नॉलेज भी आपको हेल्प करेगी इन सब्जेक्ट में ग्रेजुएशन या पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ली जा सकती है नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का एनसीएफएम कोर्स एक ऑनलाइन सर्टिफिकेशन प्रोग्राम है जो यह चेक करता है कि कि स्टॉक मार्केट प्रोफेशनल में फाइनेंशियल मार्केट के लिए जरूरी प्रैक्टिकल नॉलेज और स्किल है या नहीं इस सर्टिफिकेट को लेने के लिए आपकी मैथ और इंग्लिश में अच्छी पकड़ होनी चाहिए नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ फाइनेंसियल मैनेजमेंट नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ़ इंडिया लिमिटेड मिलकर पोस्ट ग्रेजुएट एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम इन फाइनेंशियल मार्केट करने का मौका देते हैं इस प्रोग्राम के लिए 50% मार्क्स के साथ ग्रेजुएशन डिग्री होनी चाहिए बीएसई इंस्टीट्यूट लिमिटेड भी ऑनलाइन सर्टिफिकेशन प्रोग्राम देता है यह स्टॉक एक्सचेंज ऑपरेशंस की डिटेल नॉलेज देता है।

स्टॉप ब्रोकर बनने के लिए योग्यता

स्टॉक ब्रोकिंग एक फाइनेंशियल रिस्क से भरा हुआ मार्केट है इसलिए यहां काम करने के लिए एकेडमिक क्वालीफिकेशन के साथ-साथ अच्छी एनालिटिकल स्किल अलर्टनेस ,बुद्धि और रिसर्च स्किल होनी जरूरी है आपके पास स्टॉक ट्रेडिंग प्रैक्टिस और प्रोसेस की अच्छी जानकारी भी होनी चाहिए अलग-अलग सेक्टर और इंडस्ट्रीज के बारे में जागरूकता भी आपको इस फील्ड में आगे कर देगी मार्केट में क्या कुछ नया है क्या चेंज आ रहा है कितने उतार-चढ़ाव आ रहे हैं इन सब के बारे में लेटेस्ट अपडेट भी रखना पड़ता है अगर आप इस फील्ड में एक्सपर्ट बनना चाहते हैं तो अच्छी कंप्यूटर स्केल के साथ-साथ डिसीजन मेकिंग टीम वर्क रिसर्च एप्टीट्यूड और फाइनेंस इंडस्ट्री की जानकारी आपको सक्सेसफुल बना सकती है इस फील्ड में लॉन्ग वर्किंग टाइम होता है और प्रेशर हैंडलिंग भी आनी चाहिए इसलिए।

स्टॉक ब्रोकर के लिए जॉब अपॉर्चुनिटी

एजुकेशनल एक्सपर्टाइज्ड एक्सपीरियंस को बेस करते हुए आप इक्विटी ट्रेडर, इक्विटी एडवाइजर ,स्टॉक एडवाइजर वेल्थ मैनेजर ,फाइनेंशियल एनालिस्ट ,इन्वेस्टमेंट एडवाइजर ,सिक्योरिटी एनालिस्ट और रिस्क मैनेजर के तौर पर नौकरी भी पा सकते हैं इस फील्ड में काम के मौके आपको स्टॉक एक्सचेंज रेगुलेशन अथॉरिटी फॉरेन इन्वेस्टमेंट फर्म्स इन्वेस्टमेंट कंसलटेंसी म्यूच्यूअल फंड कंपनी ब्रोकर फॉर्म्स इंश्योरेंस एजेंसी बैंक को और दूसरे फाइनेंसियल इंस्टिट्यूट में जॉब अपॉर्चुनिटी मिलती है स्टॉक ब्रोकर बनने के लिए आप एक सब ब्रोकर के तौर पर शुरुआत कर सकते हैं सब ब्रोकर स्टॉक एक्सचेंज का ट्रेंडिंग मेंबर नहीं होता है लेकिन वह ग्राहकों को सेवाएं देने ने स्टॉक ब्रोकर उनकी हेल्प करता है सब ब्रोकर बनने के लिए आपके पास पैन कार्ड आधार कार्ड और एजुकेशनल सर्टिफिकेट होने जरूरी है इसके अलावा आपके घर और ऑफिस के पते का प्रूफ और सीए का रेफरेंस लेटर भी होना चाहिए यह बहुत जरूरी है कि आप बुद्धिमानी से ब्रोकरेज फर्म चुने आपको कभी भी ऐसा कुछ नहीं भेजना चाहिए जिससे कोई खरीदने को राजी ना हो इस वजह से ब्रोकरेज फर्म के बारे में अच्छे से रिसर्च करें आपको पता होना चाहिए कि इन्वेस्टर्स किसे पसंद कर रहे हैं आपके ब्रोकर के पास अच्छी ब्रांड इक्विटी और रिकॉल वैल्यू होनी चाहिए जिससे नए कस्टमर हासिल करने में आसानी होगी आमतौर पर इन्वेस्टर्स उनको प्रायोरिटी देते हैं जिनके पास फ्लैट फी स्ट्रक्चर वैल्यू ऐडेड सर्विसेज होती हैं और जो स्पॉट ऑन वजन भी देती है सब ब्रोकर बनने के लिए कुछ शर्तें होती हैं जिन्हें आप को पूरा करना होगा एक सब ब्रोकर या मास्टर फ्रेंचाइजी मालिक के तौर पर आपको लगभग 200 स्क्वायर फुट के ऑफिस में बनाने की जरूरत होगी यह स्पेस आमतौर पर ब्रोकरेज फर्म पर डिपेंड करता है जिसके साथ आप जा रहे हैं आपको लगभग 1 से 200000 या उससे ज्यादा का रिफंडेबल फीस जमा करना होगा साथ ही अपने जोकर का कमीशन स्ट्रक्चर भी चेक कर लीजिएगा शुरुआत में आपने जिस ब्रोकिंग फॉर्म को चुना है वहां से कॉल बैक का रिक्वेस्ट डालें फोन पर ही आपके बारे में पढ़ाई लिखाई के बारे में और पहले के कामकाज के बारे में जानकारी ली जाएगी इसके साथ-साथ कुछ बेसिक सवाल भी पूछे जाएंगे लास्ट में आपको रजिस्ट्रेशन फीस देना होगा पेमेंट के बाद आपको अपने खाते का बिजनेस टैग मिलेगा आपके ब्रोकर के आधार पर आप और आपके कर्मचारी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म कस्टमर सपोर्ट और मार्केटिंग मैकेनिज्म पर ट्रेनिंग और जानकारी प्राप्त करेंगे इसके बाद आप अपना काम शुरू कर सकते हैं जब काम शुरू हो जाएगा तो जाहिर है कि कमाई भी शुरू हो जाएगी एक स्टॉक ब्रोकर या सब ब्रोकर के तौर पर आपको रजिस्ट्रेशन करवाना पड़ता है रजिस्ट्रेशन के लिए आपको पर्सनल डिटेल्स के साथ पैन कार्ड और शेयर मार्केट की किस फील्ड में काम करेंगे उसकी डिटेल भी देनी पड़ती है सर्टिफिकेट ऑफ रजिस्ट्रेशन मिलने के बाद ट्रेडिंग का काम शुरू किया जा सकता है स्टॉक ब्रोकिंग का बिजनेस संभालना आसान काम नहीं है कस्टमर्स के पैसे ना डूबे इसके लिए आपको हमेशा सजग रहना होता है सही टाइम में शेयर खरीदने और बेचने का एक्सपीरियंस आपके इन्वेस्टर्स के प्रॉफिट को बढ़ाएगा और आपका कैरियर भी इसी के साथ ग्रुप करेगा इसके साथ ही आपको कॉम्प्लिकेटेड सिचुएशंस में सही डिसीजन लेने की जरूरत पड़ती है और यह तभी पॉसिबल होगा जब आपको अपनी फील्ड की पूरी जानकारी होगी अपनी कम्युनिकेशन स्किल्स पर काम करना आपको अच्छा बिजनेस दिलाएगा

स्टॉक ब्रोकर की सैलरी

एक स्टॉक ब्रोकर की सैलरी पूरी तरह से उसके नॉलेज और परफॉर्मेंस पर डिपेंड करती है यह दो तीन लाख से लेकर 78 लाख सालाना तक जा सकती है इसके अलावा भी अगर आप पर्सनल इन्वेस्टमेंट करते हैं तो इससे आप अपनी खुद की मोटी कमाई कर सकते हैं शेयर मार्केट एक ऐसा क्षेत्र है जहां थ्योरी से ज्यादा प्रैक्टिकल नॉलेज की जरूरत होती है इसीलिए आप का बढ़ता एक्सपीरियंस आपको कामयाबी की ओर ले जाएगा अगर आप अपने इंटरेस्ट के हिसाब से पहले से ही किसी एक्सपीरियंस व्यक्ति के साथ उठते बैठते हैं तो आपकी जानकारी बढ़ेगी साथ ही इसके बारे में आप जितना ज्यादा रिसर्च करेंगे उतना ही आपको फायदा होगा।